"शल्य चिकित्सा" टैग से संबंधित शब्द
"शल्य चिकित्सा" से संबंधित उर्दू शब्द, परिभाषाओं, विवरणों, व्याख्याओं और वर्गीकरणों की सूची
अडियथ
(शल्यचिकित्सा) नसों में पैदा होने वाला एक विषैला फोड़ा जो लाल और हरे रंग के केकड़े की टाँगों से मिलता-जुलता होता है, राज फोड़ा, कैंसर
'अमल-ए-बिलयद
(चिकित्सा) शल्यचिकित्सा, सर्जरी, चीर फाड़, ऑप्रेशन
इस्तिख़्राज
शहर बदर या जिला वतन किया जाना
कुरंड
उक्त खनिज पदार्थ तथा लाख आदि की सहायता से बनाई जानेवाली सान। (लॅट-स्टोन) पुं० [सं० / कुर् + अंडक्] १. साकुरुंड वृक्ष जो गुजरात में पाया जाता है। २. अखरोट का पेड़। अक्षोट वृक्ष।
काँटा
दरी की बुनावट में इस के बैल बूटों का एक तरीक़ा जिस में नोक निकली होती है
जबीरा
टूटी हड्डी पर बाँधने की लकड़ी।-
जाफ़िया
(जर्राही) दिमाग़ यानी भेजे पर की ग़लीज़-ओ-बेज़ झिल्ली, दिमाग़ का मोटा और सख़्त पर्दा जो खोपड़ी की हड्डी से अंदर की जानिब मिला रहता है और अपने ओराम रक़ीक़ के दरमयान जोफ़ यानी फ़िज़ा-ए-बनाता है, लात : Dura Mater
तर्क़ी'
पैवंद लगाना , (जर्राही) प्लास्टिक सर्जरी
दाख़ुन
(जर्राही) नाख़ुन की कौर और गोश्त के जोड़ का वर्म जिस के बढ़ने और पक जाने से नाख़ुन गिर जाता है
नाशिरा
नाशिर (रुक) की तानीस , (जर्राही) वो पट्ठा जो जिस्म के किसी हिस्से को तना हुआ रखता है
नाशिरात
शल्य: वो पट्ठे जो शरीर के किसी अंग को तना हुआ रखते हैं
निश्तर
घाव पर चीरा लगाने वाला औज़ार (निश्तर
पछना
(जर्राही) किसी जल्दी मर्ज़ की वजह से ख़ून निकालने के लिए जल्द पर नशतर से कच्चो के देने का अमल, इस अमल में पहले मुतास्सिरा जगह पर सींगी से खींच कर खाल को उभारा जाता है फिर उस को नशतर से कचौक कर दुबारा सींगी से ख़ून खींचा जाता है
पट्टी चढ़ाना
۱. (जर्राही) फोड़े या दर्द की जगह पर पलसतर बाँधना
पा-बजाई
(जर्राहत) अमल जर्राही के बाद रगों पट्ठों को दुबारा सी कर जोड़ना, जोड़ बिठाना
पिंगा
(जर्राही) वो शख़्स जिस की पिंडुलीयों की नलियां (हड्डियां) पैदाइशी टेढ़ी हूँ, फेंगड़ा
पियोगी
(जर्राही) कंठ के अंदर लगे हुए शल्य (पत्थर कंकर) मालूम करने के वास्ते १० उंगल लंबा और पाँज पाँज उंगल परिधि वाली नाड़ी औज़ार पियोगी होता है
बूक़ी
(लफ़ज़न) बूक़ (रुक) से मंसूब बूक़ के मानिंद, (जर्राही) ग़िज़ाई नाली के मुताल्लिक़, (अंग्रेज़ी) Bucca
बंदिश
(मामारी) हर रद्दे की एण्टों या पत्थरों को मिला कर रखने और जोड़ने की कैफ़ीयत
बातिहा
(शाब्दिक) फैलने वाला; (शल्यशास्त्र) वह पट्ठा जो हाथ को फैलाने सुकड़ने में मदद करता है
मूज़िहा
(जर्राहत) वो जर्राहत या ज़ख़म जिस से जल्द फट कर नीचे से हड्डी दिखाई देती है
मुनक़ते'
खंडित, विच्छिन्न, कटा हुआ, ख़त्म किया गया, विच्छेद, जो काट दिया गया हो, टूटा हुआ
मुंफ़रज
(तबीअयात) एक मर्कज़ से मुंतशिर होने वाला
मराहिम
‘महं म' का बहु., बहुत-से महंम।
मुलौलब
(दायागिरी) शल्य चिकित्सा का एक उपकरण, पेट से बच्चा निकालने का कमानीदार उपकराण
मस्स
(तिब्ब-ओ-जर्राही) ज़ख़म से छीछड़ा वग़ैरा निकालने का अमल नीज़ बदगोशत को आले के ज़रीये जिस्म से अलग कर देना
मितरद
(जर्राही) एक आला जिस से शिकस्ता हड्डी की किरचें निकालते हैं, छोटा बरछा, नशतर ख़ास
मिल्वक़
(सर्जरी) चौड़ी और कुंद छुरी से मिलती हुई चमची जिससे मरहम और प्लास्टर आदि फैलाया जाए
मिश'अब
(जर्राही) सूराख़ करने का आला जो एक फ़ौलादी छड़ी काबिना होता है, इस छड़ी के एक सिरे पर नोकदार पेच होता है और दूसरे सिरे पर अर्ज़ी दस्ता, दस्ती बर्मा
मिशदाख़
(तिब्ब-ओ-जर्राही) एक आला जो सर और गर्दन की जर्राही में इस्तिमाल किया जाता है
मिसमारिया
(जर्राही) रुक : मुसम्मा रह मानी नंबर २
वझीदना
(जर्राही) ज़ख़म के बदगोशत को दवा लगा कर या काट कर साफ़ करना, बवासीर के मसों को निकालना
वरक़्चा
(शाब्दिक) छोटा वर्क़, बारीक पत्रा, (सर्जरी) पत्ते जैसी खाल या झिल्ली की बारीक तह यानी एक पतला झिल्ली नुमा नसीज
वर्क़ा
(मूसीक़ी) दाएं तबले पर मंढी जाने वाली खाल उसे पड़ा भी कहते हैं
शुक़ाक़
(जर्राही) उज़ू की बारीक और तंग सी दर्ज़ ख़ासकर दिमाग़ के पर्दों का दरमयानी नशेब
शुर्त
शल्य चिकित्सा: त्वचा रोग के कारण रक्त खींचने के लिए सुई से त्वचा को छेदने की प्रक्रिया
शिरिंगी
(जर का ही) एक इला जिस का मुँह तीन उंगल और लंबाई अठारह उंगल के बराबर होती है और जो ख़ून पेशाब ख़राब दूध वग़ैरा निकालने के काम आता है इस के आधे हिस्से में सरसों के दाने के बराबर सूराख़ होता है और इस का आधा हिस्सा औरत के पस्तानों के आधे हिस्सा के मानिंद हुआ है
सूई
किसी विशेष परिणाम, अंक, दिशा आदि का सूचक तार या काँटा। जैसे-घड़ी की सूई।
सलाई करना
(तब) सूराख़ करना, छेदना, बरमाणा, अमल जर्राही करना, सूराख़ कर के सिलाई से पेशाब निकालना
साफ़ा
सर से बांधने का दोपट्टा, पगड़ी
हद्स
प्रतिभा, चातुर्य, जहानत, बुद्धि- मत्ता, मेधा, अक्लमंदी ।
हुल्क
(जर्राही) फोड़े में मवाद पकने की कैफ़ीयत , रुक : लपक